देवास में नेशनल लोक अदालत का सफल आयोजन: 5.25 करोड़ के अवार्ड पारित, ढोल-नगाड़ों के साथ घर लौटे 30 दंपती

देवास। राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण (नई दिल्ली) एवं मध्य प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण (जबलपुर) के निर्देशानुसार शनिवार को जिलेभर के न्यायालयों में वर्ष 2026 की तृतीय नेशनल लोक अदालत का आयोजन किया गया। प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष कपिल मेहता के मार्गदर्शन में आयोजित इस लोक अदालत में कुल 1521 लंबित और 219 प्रिलिटिगेशन प्रकरणों का सफलतापूर्वक निराकरण हुआ।
प्रमुख उपलब्धियां और आंकड़े:
* करोड़ों का सेटलमेंट: लोक अदालत के माध्यम से कुल 5 करोड़ 25 लाख 52 हजार 163 रुपये के अवार्ड पारित किए गए। इनमें से 5.24 करोड़ से अधिक की राशि आपसी समझौते के आधार पर तय हुई।
* चेक बाउंस के 210 मामले सुलझे: नेगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट एक्ट के तहत चेक बाउंस के 210 मामलों का निपटारा करते हुए 4.79 करोड़ रुपये से अधिक की राशि का सेटलमेंट कराया गया।

* 30 दंपतियों की हुई ‘पुनः शुरुआत’: कुटुंब न्यायालय के प्रधान न्यायाधीश जितेंद्र सिंह कुशवाह की अगुवाई में कुल 93 पारिवारिक मामलों का निराकरण किया गया। आपसी समझाइश से टूटने की कगार पर पहुंचे 30 दंपतियों के बीच फिर से सहमति बनी और वे ढोल-नगाड़ों के साथ खुशी-खुशी अपने घर लौटे।
* न्यायालय परिसर को मिली अपनी एंबुलेंस, आकस्मिक चिकित्सा जरूरतों के लिए न्यायिक अधिकारियों (51 हजार रु.) और कर्मचारियों (24,100 रु.) के जनसहयोग से समर्पित एंबुलेंस सेवा की शुरुआत की गई, जो परिसर में आने वाले पक्षकारों और नागरिकों के लिए पूर्णतः निःशुल्क रहेगी।
35 खंडपीठों में हुआ मामलों का निस्तारण
जिला मुख्यालय देवास के साथ-साथ तहसील स्तर पर स्थित सोनकच्छ, कन्नौद, खातेगांव, टोंकखुर्द एवं बागली में कुल 35 न्यायिक खंडपीठों का गठन किया गया था। इनमें सिविल, आपराधिक, विद्युत, मोटर दुर्घटना दावा, श्रम और ट्रैफिक चालान से जुड़े सैकड़ों लंबित प्रकरणों को आपसी सहमति से सुलझाया गया।
शुभारंभ अवसर पर कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी ऋतु राज सिंह, प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय जितेंद्र सिंह कुशवाह, प्रथम जिला न्यायाधीश उमाशंकर अग्रवाल, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव रोहित श्रीवास्तव, अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष राम प्रसाद सूर्यवंशी सहित बड़ी संख्या में न्यायिक अधिकारी, अधिवक्ता और पक्षकार उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन अभिषेक गौड़ ने किया तथा आभार प्रकट निलेंद्र कुमार तिवारी ने किया।




