राजपुरोहित स्वर्गीय शंकर लाल जी पंडित के छोटे भाईपंडित रघुनन्दन त्रिवेदी का निधन
विगत 2 महीने से बागली मुक्तिधाम की चिता शांत नहीं हो रही है।


सुनिल योगी
बागली। बीती रात बागली क्षेत्र के प्रसिद्ध संस्कृताचार्य एवं कथा वाचक पंडित रघुनंदन त्रिवेदी( 85 वर्ष) की आयु में निधन हो गया। वे बागली रियासत के पुरोहित एवं प्रकांड विद्वान स्व पं शंकरलाल त्रिवेदी के छोटे भाई व पूर्व नप लेखापाल स्व पं जगदीशचंद्र त्रिवेदी के काका एवं देवेंद्र और दीपक त्रिवेदी के पिता थे। पं त्रिवेदी पिछले कुछ दिनों से अस्वस्थ थे और इंदौर मार्ग पर स्थित चिकित्सालय में उपचार के दौरान उन्होंने अंतिम सांस ली। पं जटाशंकर तीर्थ पर आयोजित याज्ञिक कार्यक्रमों के आरंभ से से ही जुड़े थे और गत वर्ष के महाशिवरात्रि यज्ञ में भी उनकी सहभागिता रही। उनके निधन का समाचार मिलने के बाद नगर में शोक की लहर दौड़ गई। दोपहर बाद स्थानीय मुक्तिधाम पर उनका अंतिम संस्कार हुआ और उनके पुत्रों ने मुखाग्नि दी। विधायक मुरली भंवरा, राजा राघवेंद्रसिंह, रिटायर डीएसपी एसएस उदावत, पूर्व शिक्षा मंत्री दीपक जोशी कनिष्क त्रिवेदी, डॉ एमएस उदावत, वागयोग चेतना पीठम के पं कनिष्क द्विवेदी, नगर परिषद बागली के पूर्व अध्यक्ष भरत सिंह सोलंकी प्रताप सिंह डाबी धर्मेंद्र राजावत भंवर सिंह दरबार सर्व ब्राह्मण समाज के अध्यक्ष राकेश नागोरी भाजपा जिला मंत्री शोभा गोस्वामी वरिष्ठ अधिवक्ता प्रवीण चौधरी
राजेंद्रपाल सिंह सेंगर, सुनिल योगी सुमेर सिंह राजावत, अभय बड़ौला, राजेंद्र ईनाणी, , बंशीधर सिसोदिया सुरेंद्र सिंह उदावत धर्माजी राव चौहान आशीष पुराणिक उदावत सुनील उपाध्याय दीपक व्यास शाहिद पठान विजय सिंह दरबार पवन राठौड़ (शिक्षक) सहित विभिन्न समाजीक सदस्यों और जटाशंकर तीर्थ परिवार ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।




